अम्बिकापुर, संचालनालय कोष एवं लेखा, छत्तीसगढ़ रायपुर के निर्देशानुसार भौतिक चालानों की व्यवस्था समाप्त कर ऑनलाइन माध्यम से चालान जमा करने की प्रक्रिया को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसी कड़ी में जिला कोषालय सरगुजा द्वारा कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में ओटीसी (ओवर द काउंटर) चालान प्रक्रिया पर प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।
कार्यशाला में अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बताया गया कि ओटीसी सुविधा के तहत ई-चालान पोर्टल के माध्यम से चालान भरने पर उसकी जानकारी सीधे बैंक को ऑनलाइन ट्रांसफर हो जाती है। इससे बैंक स्तर पर दोबारा डाटा एंट्री की आवश्यकता समाप्त हो जाती है और प्रक्रिया अधिक सरल एवं पारदर्शी बनती है। बैंक काउंटर पर केवल ऑनलाइन जनरेटेड चालान की प्रविष्टि कर राशि जमा की जाती है।
प्रशिक्षण में यह भी बताया गया कि ई-चालान पोर्टल पर जमाकर्ता को पहले पंजीयन कर यूजर आईडी बनानी होती है, जिसके माध्यम से वे चालान जनरेट करने के साथ-साथ लेन-देन की जानकारी और रिपोर्ट भी प्राप्त कर सकते हैं।
ओटीसी से जनरेट किए गए चालान की वैधता 7 दिनों तक निर्धारित की गई है। इस अवधि के भीतर संबंधित व्यक्ति को बैंक में जाकर नकद या चेक के माध्यम से राशि जमा करनी होगी, अन्यथा चालान स्वतः अमान्य हो जाएगा और पुनः नया चालान बनाना पड़ेगा।
जिला कोषालय अधिकारी ने सभी संबंधितों को ओटीसी के माध्यम से कर एवं शुल्क जमा करने की प्रक्रिया से संबंधित यूजर मैन्यूल उपलब्ध कराते हुए निर्धारित दिशा-निर्देशों के पालन के निर्देश दिए। कार्यशाला में विभिन्न विभागों के आहरण-संवितरण अधिकारी, कर्मचारी एवं स्टाम्प वेंडर्स मौजूद रहे।