- बहुचर्चित अग्निकांड मामले में 72 घंटे बाद FIR दर्ज
- पड़ोसी प्रफुल्ल पाण्डेय की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने की कार्रवाई
- प्रभावित परिवारों ने भी कारोबारी भाइयों के खिलाफ दी शिकायत
- STI रिपोर्ट आने के बाद और धाराएं जुड़ने की संभावना
- घनी आबादी वाले क्षेत्र में पटाखा और प्रतिबंधित प्लास्टिक का अवैध भंडारण
⚠️ घटना का विवरण
अंबिकापुर, 26 अप्रैल 2026 – शहर के मध्यस्थल स्थित राम मंदिर क्षेत्र में 23 अप्रैल की दोपहर पटाखा और प्लास्टिक दुकान में लगी भीषण आग ने पूरे नगर को दहशत में डाल दिया था।
इस अग्निकांड में कई घर प्रभावित हुए और आसपास के क्षेत्र में भय और आक्रोश का माहौल बन गया।
👮 पुलिस की कार्रवाई
पड़ोसी प्रफुल्ल पाण्डेय की शिकायत पर 72 घंटे बाद कोतवाली पुलिस ने पटाखा एवं प्लास्टिक कारोबारी मुकेश अग्रवाल और प्रवीण अग्रवाल के खिलाफ FIR दर्ज की है।
इसके अलावा अग्निकांड से प्रभावित कई परिवारों ने भी पुलिस से शिकायत कर दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
📑 अवैध भंडारण पर सवाल
जांच में सामने आया कि दुकान में पटाखों और प्रतिबंधित प्लास्टिक का अवैध भंडारण किया गया था।
घनी आबादी वाले क्षेत्र में इस तरह का भंडारण गंभीर खतरा साबित हुआ, जिससे आग तेजी से फैल गई और कई मकान प्रभावित हुए।
🚨 आगे की जांच
पुलिस सूत्रों के अनुसार, STI की रिपोर्ट आने के बाद कारोबारी भाइयों के खिलाफ और धाराएं जोड़ी जाएंगी।
प्रशासन पर सवाल उठ रहे हैं कि घनी आबादी वाले क्षेत्र में पटाखा गोदाम और प्लास्टिक भंडारण की अनुमति कैसे दी गई।
📍 अंबिकापुर की इस बहुचर्चित घटना ने प्रशासनिक लापरवाही और अवैध कारोबार पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जनता दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और प्रभावित परिवारों को न्याय की मांग कर रही है।