- पण्डो समाज ने भूमि पर अवैध कब्जे और कूट रचना का लगाया आरोप
- जातिसूचक गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने की शिकायत
- भारतीय न्याय संहिता और एट्रोसिटी एक्ट के तहत अपराध दर्ज करने की मांग
- पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपने पहुंचे पण्डो जनजाति के लोग
⚠️ अवैध कब्जे का आरोप
अंबिकापुर, – लखनपुर क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत मांजा, मोहल्ला राजाकटेल से पण्डो समाज के लोगों ने पुलिस अधीक्षक सरगुजा को ज्ञापन सौंपकर आरोप लगाया कि उनकी पैतृक भूमि पर कूट रचना कर अवैध नाम दर्ज कराए गए हैं।
📑 गंभीर शिकायतें
- आरोपियों पर जातिसूचक गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया गया है।
- पण्डो जनजाति के लोगों ने कहा कि वे कई पीढ़ियों से अपनी भूमि पर निवास कर रहे हैं और कृषि ही उनका मुख्य जीवन-यापन का साधन है।
- आरोप है कि कुछ व्यक्तियों ने जालसाजी कर राजस्व अभिलेखों में अपना नाम दर्ज करा लिया है और भूमि पर कब्जा कर लिया है।
👥 आरोपियों के नाम
ज्ञापन में जिन व्यक्तियों पर आरोप लगाया गया है उनमें जमील अहमद, शकील अहमद, समीम अहमद, गुलबहार अहमद, नसीम, खुरशीद, कबीर, असलम, मोहम्मद जमील, बाबर, मोहताब, निसार, सुल्तान, रफिक, ताहिर, एनुल, बबलु खान, सैनुल, हुसैन, हसन, सहाजन, सफिक, रजाक, परवेज आलम, इत्याज अंसारी, खुदबुद्दीन, असमो मोहम्मद अंसारी, कुरबान सहित अन्य नाम शामिल हैं।
🚨 कार्रवाई की मांग
- पण्डो समाज ने मांग की है कि आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता और एट्रोसिटी एक्ट की सुसंगत धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया जाए।
- उन्होंने कहा कि यह मामला अत्यंत गंभीर और चिंताजनक है और विस्तृत जांच आवश्यक है।
👥 उपस्थित लोग
पुलिस अधीक्षक कार्यालय में ज्ञापन सौंपने वालों में लाल गुलाब, संजय, श्रीमती हीरामती, फुलसुन्दरी, रतियानो, विरोधन पण्डो, सलमान पण्डो, रतन पण्डो, दरोगा, शिवप्रसाद, मुन्ना, शिवचरण सहित पण्डो जनजाति के अन्य लोग उपस्थित रहे।
📍 पण्डो जनजाति की इस शिकायत ने प्रशासन के सामने भूमि विवाद और सामाजिक तनाव का गंभीर मुद्दा खड़ा कर दिया है। अब देखना होगा कि पुलिस इस मामले में क्या कदम उठाती है।