- अध्यक्ष जिला स्वास्थ्य एवं स्वच्छता समिति श्रीमती राधा रवि ने किया शुभारंभ
- कलेक्टर ने शत-प्रतिशत ऑक्यूपेंसी और गंभीर कुपोषित बच्चों की त्वरित पहचान के निर्देश दिए
- वर्तमान में 7 बच्चे भर्ती होकर स्वास्थ्य लाभ ले रहे हैं
- जिले में अब कुल 3 पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित
📰 विस्तृत समाचार
अंबिकापुर,– मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल के मार्गदर्शन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र उदयपुर में 10 बिस्तरीय पोषण पुनर्वास केंद्र (एनआरसी) का संचालन शुरू हुआ।
कलेक्टर अजीत वसंत के निर्देश पर जिला खनिज न्यास निधि मद से जीर्णोद्धार कार्य, मानव संसाधन की व्यवस्था और पौष्टिक आहार की सुविधा सुनिश्चित की गई।4 मई को अध्यक्ष जिला स्वास्थ्य एवं स्वच्छता समिति श्रीमती राधा रवि ने केंद्र का उद्घाटन किया। उन्होंने व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और शिशुवती माताओं से चर्चा की।
🏥 बच्चों को मिल रही सुविधा
एनआरसी उदयपुर में बच्चों को पौष्टिक आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच और चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराया जा रहा है।केंद्र में प्रशिक्षित चिकित्सक और स्वास्थ्यकर्मी तैनात हैं, जो गंभीर रूप से कुपोषित बच्चों की देखभाल करेंगे।साथ ही माताओं को संतुलित आहार और स्वच्छता के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
👶 वर्तमान स्थिति
- केंद्र में 10 बिस्तरों की सुविधा उपलब्ध है।
- वर्तमान में 7 बच्चे भर्ती हैं और उन्हें पौष्टिक आहार व चिकित्सकीय देखरेख दी जा रही है।
- बच्चों के स्वास्थ्य में सकारात्मक सुधार देखा जा रहा है।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि कुपोषित बच्चों का चिन्हांकन कर शत-प्रतिशत ऑक्यूपेंसी सुनिश्चित की जाए।
📑 कलेक्टर के निर्देश
कलेक्टर अजीत वसंत ने महिला एवं बाल विकास तथा स्वास्थ्य विभाग को गंभीर कुपोषित बच्चों की त्वरित पहचान कर उन्हें एनआरसी में भर्ती करने के निर्देश दिए।
उन्होंने पालकों से अपील की कि शासन की इस सुविधा का लाभ लेकर बच्चों को कुपोषण मुक्त करें ताकि उनका शारीरिक और मानसिक विकास हो सके।
🌱 जिले में 3 एनआरसी संचालित
वर्तमान में जिले में कुल 3 पोषण पुनर्वास केंद्र संचालित हैं –
- जिला चिकित्सालय अंबिकापुर
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सीतापुर
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र उदयपुर
इन केंद्रों में मितानिन, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और स्वास्थ्य अमला द्वारा चिन्हांकित बच्चों को भर्ती कर कुपोषण मुक्ति हेतु देखभाल की जा रही है।
📍 उदयपुर सीएचसी में पोषण पुनर्वास केंद्र की शुरुआत से क्षेत्र के कुपोषित बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मिलेगी और जिले में कुपोषण उन्मूलन के प्रयासों को नई मजबूती प्राप्त होगी।